sushobhit saktawat सुशोभित सक्तावत

फ़ेसबुक को सुशोभित सक्तावत से डर क्‍यों लगता है ?

साथियो, मेरा नाम सुशोभित सक्‍तावत है और मैं नफ़रत का सौदागर नहीं हूं ! मेरा केवल एक ही दोष है : बेईमानी के बियाबान में जितनी घास नहीं उगती, उससे ज़्यादह सवाल मेरे ज़ेहन में उगते हैं! लेकिन यही तो मुसीबत है कि सवालों के जवाब नहीं हैं, उल्टे सवाल पर सवाल हैं! “सवाल पर […]

hindustan हिंदुस्तान हिन्दुस्तान कश्मीर बंटवारा इस्लाम

आप पत्थर फेंकने सड़कों पर उतरे,लेकिन कभी नहीं कहा- इस्लाम बाद में हिंदुस्तान पहले

यहीं पर लाज़िम यहीं के मुस्ल‍िम द्रविड़ों ने नहीं मांगा “द्रविड़-प्रदेश”, अनार्यों ने नहीं मांगा “अनार्यवृत”। पूर्वोत्तर के लोगों से पूछा जाता रहा कि आप कभी “इंडिया” आए हैं और वे मुस्कराकर कहते रहे कि हम “इंडिया” के ही तो हैं, उन्होंने कभी असंतोष से नहीं कहा कि हमें चाहिए सात राज्यों का एक पृथक […]

विजयंत थापर रुख्शाना capt vijyant thapar

आजम खान बकवास करने से पहले कश्मीरी बच्ची की ये कहानी पढ़ लेना

आजम खान को एक सच्ची कहानी सुनाना चाहता हूं..।। 1999..।। एक महज 22 साल का लडका जिसको भारतीय फौज ज्वाईन किये मुश्किल से एक साल हुआ था….उसकी बटालियन 2 राजपूताना राईफल्स को कश्मीर के कुपवाडा मे पाकिस्तानी आतंकवाद का सामना करने हेतु तैनात किया गया। कुपवाडा मे पोस्टिंग के दौरान ये बहादुर फौजी आये दिन […]

kahsmir separitist terorist अलगाववादी कश्मीर

कश्मीर एक राजनीतिक नहीं “इस्लामिक” समस्या है

पाकिस्तान की जीत के बाद कश्मीर में ईद मनाई गई. क्यों?  क्या कश्मीर पाकिस्तान है?  नहीं, कश्मीर तो हिंदुस्तान है.  फिर? जवाब बहुत सरल है : क्योंकि कश्मीर “मुसलमान” है. जेएनयू वाले कश्मीर को एक राजनीतिक समस्या बताकर स्वायत्तता और आज़ादी के नारे उछालते रहते हैं. लेकिन वे यह नहीं स्वीकार करते कि कश्मीर मूलतः […]

सिर्फ पाकिस्तान ही नहीं,विषबेल यानि स्लीपर सेल से भी सावधान!

अंग्रेज़ी की एक कहावत है fore warned fore armed यानी अग्रिम चेतावनी मिलना सशस्त्र होना है। हमारे सैनिकों का पाकिस्तान के क़ब्ज़े वाले कश्मीर में स्ट्राइक करना केवल प्रारम्भ है। इस ठुकाई से आतंकवादी विचारधारा की साख दांव पर है और वो इसे सरलता से नहीं डूबने देंगे। हमारे वार को अगर वो चुपचाप पचा […]

ठण्ड रखो भाई ! गर्म खाने से मुह जलता है !

1971 में ईस्ट पाकिस्तान आज के बांग्लादेश में पाकिस्तानी सेना एक साथ 3 दुश्मनों से लड़ रही थी । पहली मुक्ति वाहिनी , दूसरी इंडियन आर्मी और तीसरी ईस्ट पाकिस्तान  की बांग्ला भाषी स्थानीय जनता …… सप्लाई लाइन  कट चुकी थी । स्थानीय सपोर्ट बिलकुल नहीं था । पाकिस्तानी सेना अपनी ही धरती पे विदेशी […]